प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने जबरन आपातकल लागू कर देश को काफी पीछे धकेला, लोकतंत्र की किया हत्या
सारंगढ़ छत्तीसगढ़ के निशक्तजन वित्त एवं विकास निगम अध्यक्ष लोकेश कावड़िया ने आज प्रेस वार्ता को सम्बोधित करते हुए कहा कि तत्कालीन
प्रधानमंत्री श्रीमती इंदिरा गांधी ने 25 जून 1975 की आधी रात को आंतरिक अशांति का बहाना बना कर पूरे भारतदेश में आपातकाल लगा दिया था,लोकतांत्रिक संस्थाओं पर रोक मीडिया पर प्रतिबंध बिना केंद्र की अनुमति के कोई भी प्रकाशन नहीं ,जबरन नशबंदी ,देश के प्रमुख आऱएसएस इत्यादि के प्रमुख नेताओं जेपी,मोरारजी, आडवाणी, अशोक मेहता वाजपेयी को बिना कारण को गिरफ्तार कर लिया गया ,लगभग सभी राज्यों का नियंत्रण केंद्र सरकार ने ले लिया शासन के या उसकी किसी भी योजनाओं के विरोध में बोलने वालों के विरूद्ध सीधी कार्यवाही का आदेश।छत्तीसगढ एरिया सी जवाबदारी मोरेश्वर राव गद्रे को दिया गया था जिन्होंने भेष बदल बदलकर देश मे सरकार द्वारा किए जा रहे अत्याचार के विरोध में जन जागरूकता अभियान जारी रखा व वे नेता जो गिरफ्तार कर लिए गए थे उनके परिवार के भरण पोषण की व्यवस्था में लगे रहे।कार्यक्रम में पूर्व विधायक केराबाई मनहर जिला महामंत्री अमित तिवारी रिंकू,जिला मीडिया प्रभारी रवि तिवारी,चंद्रिका सिंह ठाकुर, नगर महिला मोर्चा मंत्री रविता भारद्वाज इत्यादि उपस्थित रहे व कार्यक्रम संयोजक मनोज जायसवाल रहे व इस दौरान प्रिंट व इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के पत्रकारों की उपस्थिति रही ।